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    हिमाचल के मंत्री विक्रमादित्य का विदेश नीति पर कटाक्ष:बोले-तेल खरीदने की अनुमति लेनी पड़ रही, ‘छूट भी वही दें, नियम भी वही बनाएं’

    9 hours ago

    हिमाचल प्रदेश के PWD मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने पीएम मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने विदेश नीति और कूटनीति पर सवाल खड़े किए। विक्रमादित्य ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर अमेरिका के सेक्रेटरी ऑफ द ट्रेजरी ‘स्कॉट बसेंट’ के ट्वीट को पोस्ट करते हुए लिखा- ‘बड़े-बड़े मंचों से विश्वगुरु का दम भरते हैं’ और अब रूस से तेल खरीदने की अनुमति लेनी पड़ रही है। स्कॉट बसेंट के ट्वीट में भारत की रिफाइनरी को रूस से तेल खरीदने की 30 दिन की अस्थायी छूट का जिक्र है। इस पर हिमाचल के PWD मंत्री नाराज़ हैं। उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा- 'अमेरिका से मिली छूट को वरदान माना जा रहा है और खूब तालियां बज रही हैं। उन्होंने केंद्र पर तंज कसते हुए लिखा- छूट भी वही (अमेरिका) दें, नियम भी वही (अमेरिका) बनाए। विक्रमादित्य ने आगे लिखा- फिर हम मंच से गर्व से बोलें - ‘हम तो बिल्कुल आत्मनिर्भर हैं साहब।’ ऊर्जा हमारी, ज़रूरत हमारी, पर टाइमटेबल किसी और का, ये कैसा स्वाभिमान है, जो हर बार मुहर बाहर से ढूंढता है? उन्होंने लिखा- उधर, तेल खरीदने की छूट मिली और इधर हम मुस्कुरा कर चुप हो जाते हैं, क्योंकि ज़्यादा बोलेंगे तो, कहीं अगली बार छूट पर स्थायी रोक न लग जाए। खाड़ी देशों में बढ़ते तनाव पर चिंता जाहिर विक्रमादित्य सिंह ने चिंता जाहिर करते हुए लिखा कि मौजूदा अंतरराष्ट्रीय हालात, विशेषकर पश्चिम एशिया में बढ़ता तनाव, तेल बाजार में अस्थिरता और वैश्विक शक्तियों की खींचतान का असर सीधे-सीधे हमारे देश की अर्थव्यवस्था, रोजगार, महंगाई व सुरक्षा पर डाल रहा है। विदेश नीति-कूटनीति को कसौटी पर परखे जाने की जरूरत: मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने आगे लिखा- इस समय हमारी (इंडिया) विदेश नीति और कूटनीति को केवल बड़े-बड़े मंचों पर भाषणबाज़ी नहीं, बल्कि इसे कसौटी पर परखे जाने की जरूरत है। वह आगे लिखते हैं कि हमें ईमानदारी से यह विचार करना होगा कि आज जो निर्णय लिए जा रहे हैं, वे सच में देश और प्रदेश के हित में हैं या आने वाले समय में हमें और बड़े संकट की ओर धकेल सकते हैं। विक्रमादित्य ने 2 दिन पहले भी 56 इंच पर सवाल खड़े किए विक्रमादित्य सिंह ने 2 दिन पहले भी एक सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए खाड़ी देशों की लड़ाई में लाशों पर भी स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप को लेकर तंज कसा। इस पर हिमाचल भाजपा के वरिष्ठ प्रवक्ता त्रिलोक कपूर ने विक्रमादित्य के सोशल मीडिया पोस्ट को विवादित बताते हुए निंदा की थी। उन्होंने कहा कि दुखद घटनाओं पर राजनीति करना आसान है, लेकिन देश की प्रतिष्ठा बढ़ाना बेहद कठिन कार्य है। राजनीति नहीं देश-प्रदेश हित में टिप्पणी: विक्रमादित्य मंत्री ने अपने बयान में यह भी स्पष्ट किया कि उनकी यह टिप्पणी राजनीति या सत्ता के लिए नहीं, बल्कि देश और हिमाचल प्रदेश के हित में है। उन्होंने कहा कि अपनी राजनीतिक यात्रा में उन्होंने हमेशा सत्य का समर्थन और गलत का विरोध किया है, और यह प्रवचन उसी दिशा का हिस्सा है।
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