Search

    Language Settings
    Select Website Language

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policy, and Terms of Service.

    कंगना बोलीं- राहुल टपोरी की तरह संसद आते हैं:तू-तड़ाक करते हैं; उन्हें देखकर महिलाएं अनकम्फर्टेबल फील करती हैं

    10 hours ago

    भाजपा सांसद कंगना रनौत ने बुधवार को संसद के बाहर कांग्रेस सांसद और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के व्यवहार पर सवाल उठाते हुए उनकी आलोचना की है। कंगना ने कहा- राहुल को देखकर हम महिलाएं काफी अनकम्फर्टेबल फील होता है। कंगना ने आगे कहा- वह टपोरी की तरह आते हैं, तू-तड़ाक करते हैं। इंटरव्यू दे रहे लोगों को परेशान करते हैं। कहते हैं- आजा…आजा। उन्हें अपनी बहन को देखना चाहिए। उनका व्यवहार बहुत अच्छा है। राहुल गांधी खुद शर्म की बात हैं। कंगना का यह बयान उस विवाद के बाद आया है, जिसमें 12 मार्च को संसद परिसर के मकर द्वार पर राहुल गांधी के चाय-नाश्ता करने को लेकर आलोचना हुई थी। इस मामले में 84 पूर्व ब्यूरोक्रेट्स , 116 पूर्व सैनिक और 4 वकीलों ने एक ओपन लेटर लिखकर राहुल गांधी से माफी की मांग की है। पूर्व PM देवगौड़ा ने सोनिया से कहा था- राहुल को समझाएं पूर्व प्रधानमंत्री और जेडी(एस) नेता एचडी देवगौड़ा ने राहुल के व्यवहार को लेकर 16 मार्च को कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी को लेटर लिखा था। उन्होंने सोनिया से लेटर में लिखा- विपक्ष की वरिष्ठ नेता होने के नाते आप अपने सांसदों से बात करें और संसदीय मर्यादा बनाए रखने के लिए उन्हें समझाएं। 92 साल के देवगौड़ा ने दो पेज के लेटर में राहुल के हाल के प्रदर्शनों का जिक्र करते हुए कहा कि संसद के बजट सत्र के दौरान लगातार नारेबाजी, पोस्टर दिखाने और धरना-प्रदर्शन से लोकतांत्रिक संस्थाओं की गरिमा को नुकसान पहुंच रहा है। संसद परिसर में सीढ़ियों पर बैठकर चाय-नाश्ते के साथ प्रदर्शन करना संस्थान की गरिमा को कम करता है। शाह बोले- राहुल दुनिया भर में भारत की छवि खराब कर रहे अमित शाह ने 15 मार्च को असम के गुवाहाटी में एक सभा को संबोधित करते हुए कहा- राहुल कभी-कभी संसद के दरवाजे पर बैठकर चाय और पकौड़े खाते हैं। क्या उन्हें यह एहसास नहीं है कि नाश्ता करने के लिए कौन-सी जगह उचित होती है? शाह ने आगे कहा- संसद हमारे लोकतंत्र की सर्वोच्च संस्था है। वहां बैठकर विरोध करना भी लोकतांत्रिक परंपरा नहीं है। लेकिन आप तो विरोध से भी दो कदम आगे बढ़ गए हैं। आप वहां चाय और पकौड़े खा रहे हैं। इससे दुनिया भर में भारत की छवि खराब हो रही है। पूरी खबर पढ़ें…
    Click here to Read More
    Previous Article
    कंगना बोलीं- राहुल को देखकर अनकम्फर्टेबल फील होता है:टपोरी की तरह तू-तड़ाक करते हैं, इंटरव्यू दे रहे लोगों से कहते हैं- आजा…आजा
    Next Article
    फ्लाइट में 60% सीटें फ्री में चुन सकेंगे:पहले करीब ₹3000 तक लगते थे, फैमिली और ग्रुप को एक साथ बैठाना होगा

    Related भारत Updates:

    Are you sure? You want to delete this comment..! Remove Cancel

    Comments (0)

      Leave a comment